Instagram ने फेक अकाउंट्स हटाए तो खुल गई कई Celebs की पोल, तेजी से गिरे Followers

Instagram ने लाखों फेक और इनएक्टिव अकाउंट्स हटाकर बड़ा क्लीनअप अभियान चलाया है। इस कार्रवाई के बाद कई बड़े सेलिब्रिटीज और इंफ्लूएंसर्स के फॉलोवर्स में भारी गिरावट देखने को मिली, जिससे सोशल मीडिया पर फर्जी इंगेजमेंट और ऑनलाइन पॉपुलैरिटी को लेकर नई बहस शुरू हो गई है।

Instagram Fake Account Cleanup: सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म Instagram ने फर्जी और इनएक्टिव अकाउंट्स के खिलाफ बड़ा एक्शन लेते हुए लाखों अकाउंट्स डिलीट कर दिए हैं। इस कार्रवाई के बाद कई बड़े सेलिब्रिटीज, इंफ्लूएंसर्स, ब्रांड्स और कंटेंट क्रिएटर्स के फॉलोवर्स अचानक कम हो गए हैं। बताया जा रहा है कि यह हालिया वर्षों में इंस्टाग्राम का सबसे बड़ा डिजिटल क्लीनअप अभियान माना जा रहा है।

इंस्टाग्राम की पैरेंट कंपनी Meta का कहना है कि इस कदम का उद्देश्य प्लेटफॉर्म पर ऑथेंटिसिटी बढ़ाना और फर्जी इंगेजमेंट को कम करना है। कंपनी के मुताबिक, यह कार्रवाई उन अकाउंट्स पर केंद्रित थी जो लंबे समय से इनएक्टिव थे या बॉट गतिविधियों में शामिल पाए गए।

कई बड़े सेलिब्रिटीज के फॉलोवर्स में आई भारी गिरावट

इस बड़े क्लीनअप के बाद कई चर्चित सेलिब्रिटीज और इंटरनेट पर्सनैलिटीज के फॉलोवर्स तेजी से घटे हैं। रिपोर्ट्स के अनुसार, Kylie Jenner के करीब 1.4 करोड़ फॉलोवर्स कम हुए हैं। इसके अलावा पॉप सिंगर Madison Beer के अकाउंट पर भी लाखों फॉलोवर्स घटने की जानकारी सामने आई है।

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सोशल मीडिया यूजर्स ने एक्स और अन्य प्लेटफॉर्म्स पर स्क्रीनशॉट शेयर करते हुए दावा किया कि कई बड़े अकाउंट्स के फॉलोवर काउंट में अचानक बड़ा अंतर दिखाई दिया। कुछ यूजर्स ने यह भी कहा कि खुद इंस्टाग्राम के ऑफिशियल अकाउंट्स के फॉलोवर्स भी इस प्रक्रिया के बाद कम हुए हैं।

फर्जी इंगेजमेंट पर Meta की सख्ती

फर्जी इंगेजमेंट पर Meta की सख्ती

सोशल मीडिया इंडस्ट्री में लंबे समय से फर्जी फॉलोवर्स और बॉट अकाउंट्स का इस्तेमाल एक बड़ी समस्या माना जाता रहा है। कई इंफ्लूएंसर्स और डिजिटल क्रिएटर्स पर समय-समय पर फर्जी फॉलोवर्स खरीदने के आरोप लगते रहे हैं। इन अकाउंट्स की मदद से लाइक्स, कमेंट्स, शेयर और कुल इंगेजमेंट को कृत्रिम तरीके से बढ़ाया जाता है।

मेटा का कहना है कि ऐसे अकाउंट्स प्लेटफॉर्म की विश्वसनीयता को नुकसान पहुंचाते हैं। कंपनी ने साफ किया कि इस कार्रवाई का असर केवल संदिग्ध, फर्जी और इनएक्टिव अकाउंट्स पर पड़ा है। असली और एक्टिव यूजर्स के अकाउंट्स को प्रभावित नहीं किया गया है। कंपनी के प्रवक्ता के मुताबिक, अगर किसी असली यूजर का अकाउंट गलती से हट गया है तो वेरिफिकेशन प्रक्रिया पूरी होने के बाद उसे दोबारा बहाल किया जा सकता है।

सोशल मीडिया इंडस्ट्री में पहले भी होते रहे हैं ऐसे क्लीनअप

इंस्टाग्राम पर फर्जी अकाउंट्स और बॉट्स की समस्या नई नहीं है। इससे पहले भी कई सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स समय-समय पर ऐसे क्लीनअप अभियान चलाते रहे हैं। हालांकि इस बार की कार्रवाई को आकार और प्रभाव के मामले में काफी बड़ा माना जा रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि सोशल मीडिया कंपनियां अब अपने प्लेटफॉर्म को ज्यादा भरोसेमंद और पारदर्शी बनाने की दिशा में काम कर रही हैं। विज्ञापनदाताओं और ब्रांड्स के लिए भी वास्तविक इंगेजमेंट बेहद अहम होता जा रहा है। ऐसे में फर्जी फॉलोवर्स हटाने की प्रक्रिया डिजिटल मार्केटिंग इंडस्ट्री को भी प्रभावित कर सकती है।

क्रिएटर इंगेजमेंट को लेकर फिर शुरू हुई बहस

इंस्टाग्राम की इस कार्रवाई के बाद सोशल मीडिया पर नई बहस छिड़ गई है। कई यूजर्स ने कंपनी के कदम की सराहना करते हुए कहा कि इससे इंफ्लूएंसर कल्चर में पारदर्शिता आएगी। लोगों का मानना है कि अब सिर्फ फॉलोवर्स की संख्या के आधार पर किसी की लोकप्रियता तय करना मुश्किल होगा।

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वहीं कुछ यूजर्स का कहना है कि सोशल मीडिया पर लोकप्रियता का बड़ा हिस्सा अब फर्जी अकाउंट्स और बॉट नेटवर्क्स पर निर्भर हो चुका है। ऐसे में इस तरह की कार्रवाई यह दिखाती है कि वास्तविक और ऑर्गेनिक ऑडियंस कितनी महत्वपूर्ण है। डिजिटल एक्सपर्ट्स का मानना है कि आने वाले समय में सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स और भी सख्त नियम लागू कर सकते हैं, ताकि फर्जी इंगेजमेंट और नकली लोकप्रियता पर रोक लगाई जा सके।

ब्रांड डील्स और इंफ्लूएंसर मार्केटिंग पर पड़ सकता है असर

फर्जी फॉलोवर्स हटाए जाने का असर इंफ्लूएंसर मार्केटिंग इंडस्ट्री पर भी पड़ सकता है। कई ब्रांड्स इंफ्लूएंसर्स के फॉलोवर काउंट और इंगेजमेंट के आधार पर उन्हें प्रमोशनल डील्स देते हैं। ऐसे में यदि किसी क्रिएटर के फॉलोवर्स अचानक कम हो जाते हैं, तो उनकी मार्केट वैल्यू भी प्रभावित हो सकती है।

विशेषज्ञों का कहना है कि अब कंपनियां सिर्फ फॉलोवर्स की संख्या नहीं बल्कि ऑर्गेनिक रीच, असली इंटरैक्शन और ऑडियंस क्वालिटी पर ज्यादा ध्यान दे सकती हैं। इससे उन क्रिएटर्स को फायदा हो सकता है जो वास्तविक कंटेंट और असली ऑडियंस के दम पर आगे बढ़ रहे हैं।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

Q1. Instagram ने लाखों अकाउंट्स क्यों डिलीट किए?

Instagram की पैरेंट कंपनी Meta ने प्लेटफॉर्म से फर्जी, बॉट और लंबे समय से इनएक्टिव अकाउंट्स हटाने के लिए यह बड़ा क्लीनअप अभियान चलाया है।

Q2. क्या इस कार्रवाई से असली यूजर्स प्रभावित हुए हैं?

Meta के अनुसार, यह कार्रवाई मुख्य रूप से फेक और संदिग्ध अकाउंट्स पर की गई है। हालांकि गलती से हटे अकाउंट्स को वेरिफिकेशन के बाद रिस्टोर किया जा सकता है।

Q3. किन सेलिब्रिटीज के फॉलोवर्स कम हुए हैं?

रिपोर्ट्स के मुताबिक Kylie Jenner और Madison Beer समेत कई बड़े सेलिब्रिटीज और इंफ्लूएंसर्स के फॉलोवर्स में भारी गिरावट देखी गई है।

Q4. फेक फॉलोवर्स हटने से इंफ्लूएंसर्स पर क्या असर पड़ेगा?

इससे कई इंफ्लूएंसर्स की ऑनलाइन पॉपुलैरिटी और ब्रांड वैल्यू प्रभावित हो सकती है, क्योंकि कंपनियां अब ऑर्गेनिक इंगेजमेंट पर ज्यादा ध्यान दे रही हैं।

Q5. क्या Instagram पहले भी ऐसा क्लीनअप कर चुका है?

हां, Instagram और अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स समय-समय पर फर्जी अकाउंट्स और बॉट्स हटाने के लिए ऐसे अभियान चलाते रहे हैं।

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