Petrol Diesel LPG Price News: पश्चिम एशिया में लंबे समय से जारी तनाव के बीच पेट्रोल, डीजल और एलपीजी उपभोक्ताओं के लिए राहत की उम्मीद बढ़ी है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने दावा किया है कि अमेरिका और ईरान के बीच शांति समझौता हो गया है। इस दावे के बाद वैश्विक ऊर्जा बाजार में तुरंत असर देखने को मिला और कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट दर्ज की गई।
समझौते की खबर से बढ़ी उम्मीद
दावे के अनुसार, दोनों पक्षों के बीच सैन्य कार्रवाई रोकने और होर्मुज स्ट्रेट को फिर से सामान्य आवाजाही के लिए खोलने पर सहमति बनी है। यदि यह समझौता सफलतापूर्वक लागू होता है, तो वैश्विक तेल आपूर्ति पर बना दबाव कम हो सकता है। इसका असर पेट्रोल, डीजल और एलपीजी की कीमतों पर भी देखने को मिल सकता है।
ये भी पढ़ें: निवेशकों की लगी लॉटरी, 1 साल में 80 गुना तक बढ़ा पैसा, इन 5 शेयरों ने तोड़ दिए सारे रिकॉर्ड
भारत के लिए क्यों है महत्वपूर्ण
भारत अपनी कुल जरूरत का 85 प्रतिशत से अधिक कच्चा तेल आयात करता है। देश के लिए तेल और एलपीजी की बड़ी मात्रा होर्मुज स्ट्रेट के रास्ते आती है। ऐसे में इस मार्ग पर किसी भी तरह की बाधा का सीधा असर ऊर्जा कीमतों पर पड़ता है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि स्थिति सामान्य रहती है तो ईंधन कीमतों पर दबाव कम हो सकता है और एलपीजी दरों में भी राहत की संभावना बढ़ सकती है। इससे महंगाई को नियंत्रित करने में भी मदद मिल सकती है।
कच्चे तेल में आई बड़ी गिरावट

शांति समझौते की खबर सामने आने के बाद अंतरराष्ट्रीय तेल बाजार में तेज गिरावट दर्ज की गई। ब्रेंट क्रूड 3 प्रतिशत से अधिक टूटकर 84 डॉलर प्रति बैरल के नीचे पहुंच गया। वहीं अमेरिकी डब्ल्यूटीआई क्रूड 3.4 प्रतिशत गिरकर 81.99 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया। बाजार विशेषज्ञों का कहना है कि होर्मुज स्ट्रेट के खुलने से तेल आपूर्ति सामान्य होने की उम्मीद बढ़ी है, जिससे बाजार की चिंताएं कम हुई हैं।
शेयर बाजार और क्रिप्टो में उत्साह
इस खबर का असर केवल तेल बाजार तक सीमित नहीं रहा। दुनिया भर के शेयर बाजारों में भी तेजी देखने को मिली। एसएंडपी 500 फ्यूचर्स में 0.8 प्रतिशत की बढ़त दर्ज की गई। वहीं बिटकॉइन 2.1 प्रतिशत उछलकर 65,341 डॉलर पर पहुंच गया और एथेरियम 3.1 प्रतिशत बढ़कर 1,721 डॉलर पर पहुंच गया। निवेशकों का मानना है कि क्षेत्रीय तनाव कम होने से वैश्विक आर्थिक गतिविधियों को समर्थन मिल सकता है।
ये भी पढ़ें: TATA ने खोला खजाना, 2000 करोड़ रुपये के महादान से UP समेत 5 शहरों की बदल जाएगी तस्वीर
समझौते की प्रमुख बातें
रिपोर्ट के अनुसार, प्रस्तावित समझौते में अमेरिका और ईरान द्वारा एक-दूसरे पर हमला नहीं करने, होर्मुज स्ट्रेट में नाकाबंदी समाप्त करने, ईरान के परमाणु कार्यक्रम पर नई बातचीत शुरू करने और तेल निर्यात से जुड़े कुछ प्रतिबंधों में राहत देने जैसे बिंदु शामिल हैं। इसके अलावा लेबनान में सैन्य गतिविधियां रोकने पर भी सहमति बनने की बात कही गई है। समझौते पर 19 जून को स्विट्जरलैंड में हस्ताक्षर होने की संभावना जताई गई है।
मौजूदा कीमतों पर नजर
फिलहाल दिल्ली में पेट्रोल करीब 102 रुपये प्रति लीटर और डीजल लगभग 95 रुपये प्रति लीटर बिक रहा है। वहीं 14.2 किलोग्राम वाले घरेलू एलपीजी सिलेंडर की कीमत 942 रुपये और 19 किलोग्राम वाले कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर की कीमत 3,113.50 रुपये है। ईरान युद्ध के दौरान घरेलू एलपीजी सिलेंडर 89 रुपये और कमर्शियल सिलेंडर 1,373 रुपये महंगा हुआ था, जबकि पेट्रोल और डीजल की कीमतों में चार बार में कुल 7.50-7.50 रुपये की बढ़ोतरी हुई थी।

दानियाल, एक अनुभवी मल्टीमीडिया पत्रकार हैं। Hind 24 की डिजिटल डेस्क पर सीनियर पद पर कार्यरत हैं। पत्रकारिता के क्षेत्र में लगभग 6 वर्षों का अनुभव है। Hind 24 पर तेज और विश्वसनीय अपडेट देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।






